भाग 22 · संक्षिप्त नाम, प्रारंभ, [हिंदी भ, में प्राधिकृत पाठ] और निरसन
अनुच्छेद 394क भाषा में प्राधिकृत पाठ— (1) अनुवाद
- (क) इस संविधान के हिंदी भाषा में अनव हस्ताक्षर अधिनियमों को, जिस पर संविधान सभा के शब्दावत्ली सदस्यों ने किए थे, ऐसे उपांतरणों के साथ जो उसे केंद्रीय के पूर्व किए हिंदी भाषा में प्राधिकृत पाठों में अपनाई गई भाषा, शैली और के अनुरूप सम्मिलित प बनाने के लिए आवश्यक हैं, और ऐसे प्रकाशन के पव र् गए इस संविधान के ऐसे सभी संशोधनों को उसमें करते हुए; तथा (ख) अंग्रेजी भाषा में किए गए इस संविधान के प्रत्येक संशोधन के हिंदी भाषा में अनुवाद को, अपने प्राधिकार से प्रकाशित कराएगा ।
- (2) खंड (1) के अधीन प्रकाशित इस संविधान और इसके प्रत्येक संशोधन के अनुवाद का वही अर्थ लगाया जाएगा जो उसके मूल का है और यदि ऐसे अनुवाद के किसी भाग का पुनरीक्षण इस प्रकार अर्थ लगाने में कोई कठिनाई उत्पन्न होती है तो राष्ट्रपति उसका उपयुक्त कराएगा ।
- (3) इस संविधान का और इसके प्रत्येक संशोधन का इस अनुच्छेद अनच् छे द के अधीन प्रकाशित अनुवाद, अनव सभी प्रयोजनों के लिए, उसका हिंदी भाषा में प्राधिकृत पाठ समझा जाएगा । निरसन--
इसका अर्थ
ऊपर लिखे अनुच्छेद का सार। यह कानूनी सलाह नहीं है।
यह अनुच्छेद प्रामाणिक हिन्दी पाठ मांगता है। राष्ट्रपति अपने प्राधिकार से संविधान का हिन्दी अनुवाद प्रकाशित करवाते हैं। हिन्दी पाठ प्रामाणिक माना जाता है, और हर संशोधन भी हिन्दी में प्रकाशित होता है। दोनों पाठ पूरे देश की सेवा करते हैं।