भाग 12 · वित्त, संपत्ति, संविदाएं और वाद
अनुच्छेद 277 व्यावृत्ति
- ऐसे कर, शुल्क, उपकर या फीसें, जो इस संविधान के प्रारंभ भ से ठीक पहले किसी राज्य की सरकार द्वारा अथवा किसी नगरपालिका या अन्य स्थानीय व्यावृत्ति प्राधिकारी या निकाय द्वारा उस राज्य, नगरपालिका, जिला या अन्य स्थानीय के प्रयोजनों के लिए उद्ग हीत की जा रही थी, इस बात के होते हुए भी कि वे कर, क्षेत्र शुल्क, उपकर या फीसें संघ सूची तब तक उद्ग जाती गी और विधिपूर्वक उदगुहीत उन्हीं प्रयोजनों के लिए उपयोजित की जाती गी जब तक संसद, विधि द्वारा, इसके में वर्णित हैं, उद्गहीत की रहेंगी प्रतिकूल उपबंध नहीं करती है । रहेंगी
इसका अर्थ
ऊपर लिखे अनुच्छेद का सार। यह कानूनी सलाह नहीं है।
यह अनुच्छेद विद्यमान करों को बचाए रखता है। संविधान के प्रारंभ पर वैध रूप से लगे कर चलते रहते हैं। यह तब भी, जब विषय किसी दूसरी सूची में आता हो। वह वसूली नए ढांचे में वैध मानी जाती है। पुराने कर बिना अंतराल बहते रहे।