भाग 6 · राज्य

अनुच्छेद 166 राज्य की सरकार के कार्य का संचालन— (1) राज्य की सरकार की

  1. महाधिवक्ता, समस्त कार्यपालिका कार्रवाई राज्यपाल के नाम से की हुई कही जाएगी ।
  2. (2) राज्यपाल के नाम से किए गए और निष्पादित आदेशों और अन्य लिखतों को ऐसी रीति से अधिप्रमाणित किया जाएगा जो राज्यपाल द्वारा बनाए जाने वाले नियमों सरकारी कार्य में की जाए और इस प्रकार अधिप्रमाणित आदेश श या लिखत की विधिमान्यता इस आधार पर प्रश्नगत नहीं की जाएगी कि वह राज्यपाल द्वारा किया गया या किसी निष्पादित आदेश श या लिखत नहीं है ।
  3. (3) राज्यपाल, राज्य की सरकार का कार्य अधिक सुविधापूर्वक किए जाने के लिए और जहां तक वह कार्य ऐसा कार्य नहीं है जिसके विषय में इस संविधान द्वारा या इसके अधीन राज्यपाल से यह है कि वह अपने विवेकानुसार कार्य करे वहां तक मंत्रियों में उक्त कार्य के आबंटन के लिए नियम बनाएगा । विनिर्दिष्ट अपेक्षित (व4)* न न न 8 (4)* आदि * * *

इसका अर्थ

ऊपर लिखे अनुच्छेद का सार। यह कानूनी सलाह नहीं है।

यह अनुच्छेद राज्य सरकार के कामकाज का तरीका तय करता है। कार्यपालिका की हर कार्रवाई राज्यपाल के नाम से होती है। उनके नाम के आदेश नियमों के तहत प्रमाणित होते हैं। प्रमाणित आदेश इसलिए नहीं लड़ा जा सकता कि राज्यपाल ने खुद नहीं बनाया। राज्यपाल कामकाज के नियम बनाते हैं और मंत्रियों में काम बांटते हैं।

Article 166 in English