भाग 5 · संघ
अनुच्छेद 150 संघ के और राज्यों के लेखाओं का प्ररूप–संघ के और राज्यों के लेखाओं को
- ऐसे प्ररूप में रखा जाएगा जो राष्ट्रपति, भारत के नियंत्रक-महालेखापरीक्षक “की सलाह पर विहित करे ।
इसका अर्थ
ऊपर लिखे अनुच्छेद का सार। यह कानूनी सलाह नहीं है।
यह अनुच्छेद सार्वजनिक लेखों का स्वरूप तय करता है। संघ और राज्यों के लेखे उसी स्वरूप में रखे जाते हैं जो राष्ट्रपति बताएं। राष्ट्रपति नियंत्रक और महालेखा परीक्षक की सलाह पर कार्य करते हैं। इससे पूरे देश में लेखों का स्वरूप एक जैसा रहता है।