भाग 5 · संघ
अनुच्छेद 89 राज्य सभा का सभापति और उपसभापति
- (1) भारत का उपराष्ट्रपति राज्य सभापति सभा का पदेन न होगा ।
- (2) राज्य सभा, यथाशक्य शीघ्र, अपने किसी सदस्य को अपना उपसभापति चुनेगी और जब-जब उपसभापति का पद रिक्त होता है तब-तब राज्य सभा किसी अन्य सदस्य को अपना उपसभापति चुनेगी । उपसभापति
इसका अर्थ
ऊपर लिखे अनुच्छेद का सार। यह कानूनी सलाह नहीं है।
यह अनुच्छेद राज्य सभा के पदाधिकारी देता है। भारत का उपराष्ट्रपति उसका पदेन सभापति है। परिषद अपने ही सदस्यों में से एक को उपसभापति चुनती है। रिक्ति पड़ने पर जितनी जल्दी हो सके, यह चुनाव होता है। हर बार पद खाली होने पर वह दोबारा भरा जाता है।